मछलीशहर (जौनपुर)। राम मंदिर आंदोलन के प्रमुख सूत्रधार और मछलीशहर लोकसभा क्षेत्र के पूर्व सांसद डॉ. रामविलास वेदांती का 75 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उन्होंने सोमवार को रीवा में अंतिम सांस ली।
डॉ0 रामविलास वेदांती का जन्म रीवा जिले के गुढ़वा गांव में 7 अक्टूबर 1958 को हुआ था। वह 10 दिसंबर से रीवा के भठवा गांव में कथा कर रहे थे। उसी दौरान उनकी अचानक तबियत बिगड़ गई थी और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
उक्त के शिष्य राजेश विश्वकर्मा ने बताया कि पूर्व सांसद डॉ0 रामविलास वेदांती 1996 में मछलीशहर सीट से सांसद रह चुके हैं, और 1998 में प्रतापगढ़ से भी सांसद रहे। राम मंदिर आंदोलन में उनकी सक्रियता को देखते हुए उन्हें राम मंदिर जन्मभूमि न्यास के कार्यकारी अध्यक्ष पद भी सौंपा गया था।डॉ. वेदांती को भठवा में सीने में दर्द और घबराहट की वजह से उपचार के लिए रीवा लाया गया। सुपर स्पेशलिटी में प्राथमिक परीक्षण भी किए गए। इस बीच उनके शिष्यों ने भोपाल के एम्स ले जाने का निर्णय लिया और एयर एंबुलेंस की व्यवस्था की गई। जिसके चलते दोपहर बाद उन्हें एयर एंबुलेंस से भोपाल के लिए रवाना किया गया था। भोपाल में विजिबिलिटी कम होने से एयर एंबुलेंस वहां पर नहीं उतर पाया। इस कारण से उन्हें फिर रीवा लाया गया और सुपर स्पेशलिटी में भर्ती किया गया है जहां उनकी मौत हो गई। सोमवार को निधन की सूचना पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने शोक सभाकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष हरि गुप्ता,भाजपा पिछड़ा वर्ग के जिलाध्यक्ष संतोष जायसवाल, डा.रामचंद बिंद, अभिषेक सिंह,जयानंद चौबे राकेश जायसवाल आदि लोग उपस्थित रहे।


