- साइबर इंस्टिट्यूट में हुआ जौनपुर जीनियस 2025 का पुरस्कार वितरण
- कक्षा 9 की खुशी कन्नौजिया को मिला जौनपुर जीनियस 2025 का खिताब
जौनपुर। जीवन मे लक्ष्य निश्चित करने का भी एक समय होता है,फिर उस लक्ष्य को प्राप्त भी करना होता है।सफल वही होता है,जो निरन्तर अपने लक्ष्य प्राप्ति में लगा रहता है।उक्त बातें रविवार को नगर मियांपुर स्थित सायबर इंस्टिट्यूट के परिसर में आयोजित जौनपुर जीनियस 2025 के द्वितीय चरण की प्रतियोगिता व पुरस्कार वितरण कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए अवकाश प्राप्त जेलर नगेन्द्र नाथ पाठक ने बतौर मुख्य अतिथि कही।
उन्होंने प्रतियोगियों व उपस्थित छात्रों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि जीवन मे कभी हार नही माननी चाहिए,सदैव प्रयत्नशील रहना चाहिए।बेसिक शिक्षा में अध्यापक दिनेश यादव ने कहा कि आज यह मंच जो आपको मिल रहा है,यह आपकी जिंदगी बदल देगा,इसका सदुपयोग करना सीख लीजिये।आयकर विभाग में कार्यरत आरिफ अंसारी ने कहा कि वर्तमान दौर टेक्नोलॉजी का है,हमे समय की मांग के अनुसार अपने आप को अपडेट करते रहना चाहिए।उमानाथ सिंह की शिक्षिका पूजा पाठक ने सभी प्रतियोगियों को शुभकामना देते हुए जीवन मे सदैव सकारात्मक रहने की सीख दी।
संस्था के निदेशक राजीव पाठक ने कहा कि साइबर इंस्टिट्यूट के संस्थापक स्व विनोद गुप्ता जौनपुर के छात्रों के लिए एक प्रतियोगी मंच दे गए हैं, जिसको हम लगातार छात्रों के बीच मे उपलब्ध कराने केलिए प्रतिबद्ध है।प्रतियोगिता के संयोजक मंगल चौहान ने बताया कि इस वर्ष इस प्रतियोगिता में लगभग 30 विद्यालय व महाविद्यालय के छात्रों ने प्रतिभाग किया था,जिसमे नियमो के अनुसार प्रथम व द्वितीय चरण की प्रतियोगिता आयोजित की गई थी।
कक्षा 9 की छात्रा खुशी कन्नौजिया ने जौनपुर जीनियस का प्रथम स्थान प्राप्त करने पर सभी अतिथियों ने शील्ड, मेडल व सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया एवं सभी प्रतिभागियों को रैंक अनुसार शील्ड मेडल,सर्टिफिकेट अथवा अंकपत्र से पुरस्कृत किया गया।
प्रबंधक अनुज पटेल ने बताया कि इस अवसर पर साइबर इंस्टिट्यूट के वार्षिकोत्सव कार्यक्रम में संस्था की छात्राओ व छात्रों ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया व अपने प्रदर्शन से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया, बताया कि दो पूर्व छात्रों अनुराग पांडेय व धीरज सिंह को अपने कैरियर में सफलता पाने केलिए साइबर रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्था की अध्यक्ष विजयलक्ष्मी पाठक ने किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में सेंटर कॉर्डिनेटर रश्मि पाठक,काजल विन्द, ऋतु निषाद,विशाल,शिवम,शुभांशु आदि का सराहनीय योगदान रहा।

